Monday, January 30, 2012

sab ke chehre

अधिकतर के चेहरे उदास सिर्फ राम नाम का शोर होगा,
जी चार कन्धों पे चलने का तो मजा ही कुछ और होगा."रैना"

ishak ka anjam

अब इश्क का अंजाम देखिये,
मुहब्बत होती निलाम देखिये.
बेदर्दों की इस बस्ती में अब,
इश्क का  कत्लेआम देखिये.
बगल में धार लगी रखी छुरी, 
करते फिरते राम राम देखिये
पेड़ों पे अभी आया न बूर है,
बाजार में बिकते आम देखिये.
सोच हमारी जहाँ तक न जाये,
वो सब कुछ होता तमाम देखिये.
कहने को संत तिलक लगे फकीर,
पैसा कमाना उनका काम देखिये.
"रैना"चलता है इमां की डगर पे,
शहर में फिर भी बदनाम देखिये."रैना"
.

Saturday, January 28, 2012

sunta nhi koi

उसकी कही,सुनता नही,
कैसे हो सही,बता कैसे हो सही. 
कैसे हो सही ................... 
चलने से पहले वादे किये थे,
सजन को तूने दिलाशे दिये थे,
याद कर आँखों से नदिया बही.
कैसे हो सही ................... 
याद न तुझको पिया की वफा है,
खुद से भी अब तू करता दगा है,
भूल गया सब कुछ याद न रही.
कैसे हो सही ................... 
"रैना"अब भी खुद को संभाल ले,
दो घड़ी उसके नाम की निकाल ले,
साथ तेरे जाने वाला कुछ भी नही 
 कैसे हो सही ................... "रैना"
सुप्रभात जी ............good morning

har bar smbhle

हर बार सम्भले जितनी बार गिरे है,
मंजिल पे पहुंच दम ले हम सिर फिरे है,
"रैना"हिम्मत में कमी न हरपल हँसते,
बेशक चारो तरफ मुशिकलों से घिरे है."रैना"

Thursday, January 26, 2012

ab jindgi n hsin hai

अब जिंदगी न हसीन है,
ये शहद भी नमकीन है.
दिन रात फुर्सत ही नही,
इंसान फकत मशीन है.
ऐसी हवा की रंगत है,
मेहनतकश रंगहीन है,
जानवर भी है बावफा,
इन्सान का न यकीन है.
"रैना' शर्म की बात है,
सुनता न बजती बीन है.
सुप्रभात जी .......good morning ji

Wednesday, January 25, 2012

सभी दोस्तों को नेतातंत्र दिवस की शुभकामनाएं हो जी "रैना"
कहने को गणतंत्र है,
सच में तो नेतातंत्र,
काले अंग्रेजों ने सीखा,
गौरे अंग्रेजों का मंत्र है.
जनता कैसे कहदे,
गणतंत्र जनतंत्र है,
सारा ही भ्रष्टतंत्र है
ईमानदारी छूमंतर है.रैना'
भारत माता की जय ,,,,,,,,,,,,,

sir pe koi karj

सर पे कोई  कर्ज न रहे,
बाकी इक भी फर्ज न रहे,
 फरियाद अर्ज मेरे  खुदा,
आखिरी वक्त  मर्ज न रहे. "रैना"
सुप्रभात जी ............good morning